23.8 C
New York
Monday, July 15, 2024

Buy now

spot_img

यमुनानगर में लैंड माफिया चुस्त प्रशासन सुस्त, सरेआम बनाई जा रही है गलियां

यमुनानगर में लैंड माफिया चुस्त प्रशासन सुस्त, सरेआम बनाई जा रही है गलियां
यमुनानगर प्रदेश एजेण्डा न्यूज़
लैंड माफिया प्रशासन और सरकार के नियमों की धज्जियां उड़ाते हुए सरेआम तिब्बती मार्केट के सामने
मिट्टी डालकर गलियां
बनाई जा रही है और प्रशासन इस मामले में कोई कार्यवाही नहीं कर रहा। बता दे की लैंड माफिया ने यहां शॉपिंग कंपलेक्स काटने शुरू कर दिए हैं। इसके रेट सुनकर लोगों की नींद उड़ गई है । बताया जाता है कि यहां शहर के किसी मशहूर लाला की जमीन है। जिसे रोहतक की प्रभावशाली पार्टी यहां काट रही है। अब देखना यह है की नगर निगम यमुनानगर जगाधरी के कमिश्नर और डीटीपी हेमंत कुमार इस मामले में क्या एक्शन लेते हैं।
नगर निगम यमुनानगर जगाधरी एरिया में लैंड माफिया दिन रात नियमों की धज्जियां उड़ाते हुए नई-नई कालोनियां बसा रहे हैं जबकि एक भी कॉलोनी ने यहा सीएलयू और ना ही विभाग से कोई परमिशन ली है ।  इतना ही नहीं दर्जनों कॉलोनी में तो नगर निगम से नकशे भी पास नहीं कराए गए। जगाधरी बस स्टैंड के सामने तिब्बती मार्केट के पास पिछले लंबे समय से कमर्शियल कंपलेक्स काटने की योजना चल रही थी ।  जिसे प्रदेश एजेंडा ने प्रमुखता के साथ उठाया था। अब तो लैंड माफिया ने यहां मिट्टी डालकर कच्ची सड़के बनाने शुरू करदी हैं ।  इतना ही नहीं गली के लिए इंटे भी पहुंच चुकी हैं ।
आकृति संस्था के अध्यक्ष अनुज सैनी का कहना है कि लैंड माफिया को प्रशासन की भी कोई चिंता नहीं है। क्योंकि लैंड माफिया विभाग और अधिकारियों को मैनेज करके चलते हैं। ऐसे में कौन लैंड माफिया पर कार्रवाई करेगा यह सोचने की बात है। उनका कहना है कि वह इस बारे में जल्द ही मुख्यमंत्री को पत्र लिखकर कार्रवाई की मांग करेंगे । आखिरकार नगर निगम जगाधरी के कमीशनर और डीटीपी किस बात के इंतजार कर रहे हैं जब जब यहां जमीन के रजिस्ट्री हो जाए और दुकानें बनने लग जाए । उसके बाद पीला पंजा चलने से लोगों का सिर्फ नुकसान होगा और लैंड माफिया मोटी रकम यानी मोटा मुनाफा कमा कर रफू चक्कर हो जाएगा।

Related Articles

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Stay Connected

0FansLike
3,912FollowersFollow
0SubscribersSubscribe
- Advertisement -spot_img

Latest Articles